संभावित चक्रवात के मद्देनजर खुर्दा जिला प्रशासन अलर्ट; अधिकारियों के मुख्यालय छोड़ने पर रोक

२६ से ३१ अक्टूबर तक स्वीकृत छुट्टियां रद्द; अवकाश पर गए कर्मचारियों को तत्काल ड्यूटी पर लौटने का निर्देश

दिलीप कुमार पटनायक

खुर्दा, २५ अक्टूबर: बंगाल की खाड़ी में संभावित चक्रवाती सिस्टम के विकसित होने की आशंका के मद्देनजर खुर्दा जिला प्रशासन ने आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाया है। प्रशासन ने सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द करते हुए सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को अगले आदेश तक अपने-अपने मुख्यालय में उपस्थित रहने का निर्देश दिया है।

जिलाधिकारी एवं जिला दंडाधिकारी कार्यालय, खुर्दा की ओर से २५ अक्टूबर को जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि कोई भी जिला स्तरीय अधिकारी सक्षम प्राधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना अपना मुख्यालय नहीं छोड़ सकता।

प्रशासन ने २६ से ३१ अक्टूबर तक सरकारी कर्मचारियों को स्वीकृत छुट्टियां भी रद्द कर दी हैं। वर्तमान में अवकाश पर चल रहे अथवा मुख्यालय से बाहर रहने की अनुमति प्राप्त कर्मचारियों को तत्काल अपने-अपने कार्यस्थलों पर लौटकर ड्यूटी संभालने का निर्देश दिया गया है। इसका उद्देश्य आवश्यक सरकारी सेवाओं को निर्बाध रूप से जारी रखना तथा किसी भी आपात स्थिति में प्रशासनिक व्यवस्था को पूरी तरह सक्रिय बनाए रखना है।

बंगाल की खाड़ी में संभावित चक्रवाती गतिविधियों को देखते हुए जिला प्रशासन ने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने और आपदा से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा है। प्रशासन का मानना है कि मौसम की स्थिति बिगड़ने पर राहत एवं बचाव कार्यों, विभागों के बीच समन्वय तथा एहतियाती उपायों को तत्काल लागू करने के लिए अधिकारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करना आवश्यक है।

जारी आदेश के अनुसार, सभी संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने मुख्यालय में उपस्थित रहना होगा, ताकि किसी भी आपात स्थिति में बिना विलंब आवश्यक कार्रवाई की जा सके। प्रशासन ने सरकारी तंत्र को पूरी तरह कार्यशील रखने और संभावित प्राकृतिक आपदा से उत्पन्न परिस्थितियों का प्रभावी ढंग से सामना करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है।

जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए), खुर्दा के अध्यक्ष द्वारा जारी इस आदेश का पत्रांक २०६४६/Emer., दिनांक २५ अक्टूबर २०२६ है।

इस निर्देश की प्रतियां अतिरिक्त जिलाधिकारियों, जिला परिषद के मुख्य विकास अधिकारी-सह-कार्यकारी अधिकारी, उपजिलाधिकारियों, जिला स्तरीय अधिकारियों, प्रखंड विकास अधिकारियों, तहसीलदारों तथा सभी शहरी स्थानीय निकायों के कार्यकारी अधिकारियों को आवश्यक जानकारी एवं कार्रवाई के लिए भेजी गई हैं।

जिला प्रशासन की यह पहल संभावित चक्रवाती खतरे के मद्देनजर एहतियाती तैयारियों का हिस्सा है। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मौसम की स्थिति में किसी भी प्रकार के बदलाव अथवा आपदा की आशंका उत्पन्न होने पर सरकारी मशीनरी पूरी तरह सक्रिय रहे और प्रभावित क्षेत्रों में समय पर राहत एवं बचाव संबंधी कदम उठाए जा सकें।

Advertisement

Subha Khabar is now on Whatsapp

Join and get latest news update delivered to you via whatsapp

Join Now

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *